या देवी सर्वभूतेषु शक्तिरूपेण संस्थिता।
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः॥
अर्थ / लाभ
जो देवी सभी प्राणियों में शक्ति के रूप में स्थित हैं, उन्हें बारंबार नमस्कार है। यह देवी सूक्त (दुर्गा सप्तशती) का प्रसिद्ध श्लोक है।
जो देवी सभी प्राणियों में शक्ति के रूप में स्थित हैं, उन्हें बारंबार नमस्कार है। यह देवी सूक्त (दुर्गा सप्तशती) का प्रसिद्ध श्लोक है।